जड़ चेतन है लेकिन, इसके जुड़ाव से चेतना होती है। एक अभिव्यक्ति। अश्विनी रॉय ’सहर’

जड़ चेतन है लेकिन
इसके जुड़ाव से चेतना होती है।
जड़ के खोदने से चेतना शून्य होती है।
मिट्टी के कण–कण को सहेजती है जड़
पृथ्वी, वायु, आकाश, जल
और अग्नि को निकट लाती है जड़।
जीवन का आधार है जड़!
जड़ के बिना जीवन नहीं।
जड़ को बचाएं, इसे खोदना ठीक नहीं!
पेड़ों को बचाएं जो पृथ्वी की रक्षा करते हैं।
–अश्विनी रॉय ’सहर’